Guide (1965)

Over 50 years ago, surpassing himself in poetic proficiency, Shailendra, the film lyricist par excellence wrote 10 songs for the iconic Hindi film classic “Guide” (1965). With these lyrics, set to Sachin Dev Burman’s compositions, we have some masterpieces here. Listen to them. These jewels are not simply ornamental…

Although R.K. Narayan’s original story “Guide” (1958) set in Malgudi (the author’s favorite fictitious town) needs no embellishments, viewers of this film would have certainly been left bereft of this exquisite music! The songs are all among my top favorites… but I will begin posting the lyrics (in Devanagari) of those which I hum most easily, more often, and which are both — melodious, and a visual delight thanks to Waheeda Rehman’s uninhibited dance performances – casual or classical.

Without much ado, here’s the first of the ten:

काँटों से खींच के ये आँचल

गायक कलाकार: लता मंगेशकर
संगीत: सचिन देव बर्मन

ओ ओ ओ
काँटों से खींच के ये आँचल
तोड़ के बंधन बांधे पायल
ओ ओ ओ
कोई न रोको दिल की उड़ान को
दिल वो चला
आ आ आ

आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है

अपने ही बस में नहीं मैं
दिल है कहीं तो हूँ कहीं मैं
हो ओ ओ
अपने ही बस में नहीं मैं
दिल है कहीं तो हूँ कहीं मैं
हो ओ ओ
जाने क्या पा के मेरी ज़िन्दगी ने
हंसकर कहा
हा हा हा हा आ
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है

मैं हूँ ग़ुब्बार या तूफां हूँ
कोई बताये मैं कहाँ हूँ
हो ओ ओ
मैं हूँ ग़ुब्बार या तूफां हूँ
कोई बताये मैं कहाँ हूँ
हो ओ ओ
डर है सफ़र में कहीं खो न जाऊं मैं
रस्ता नया
आ आ आ आ आ आ
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है

कल के अंधेरों से निकल के
देखा है आँखें मलते-मलते
हो ओ ओ
कल के अंधेरों से निकल के
देखा है आँखें मलते-मलते
हो ओ ओ
फूल ही फूल ज़िन्दगी बहार है
तय कर लिया
आ आ आ आ आ आ
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है
आज फिर जीने की तमन्ना है
आज फिर मरने का इरादा है

This one is a long one with Chorus as well… but watch the video to sync their humming and echoing of Lata Mangeshkar’s exquisite singing here. The instruments, the sitar, the paayal ki jhankaar… is an immense visual treat. The subtle overtones of sensuousness in the lyrics are playful, pleasing and Waheeda Rehman’s dance costumes which change in keeping with every stanza is something nobody has replicated, I feel, since 1965. Her charisma lies not just in the smile but in her expressions that change fluidly along with Shailendra’s lucid lyrics. Note the composer’s variations in the interludes and the rich tapestry of this backdrop – not just of the sets but in the entire melody, rhythm and overall composition. Every possible instrument plays in this song, it’s unbelievable, Burman Dada’s knowledge and fabulous use of these – it’s almost like he gave his all to this song. Concurrently, listen to the lyrics to enjoy the beauty in the alliteration, the allegory and the entire ambience this song evokes through the senses. Shailendra gave his all to this song, it seems to me… and Lata’s voice. Marvelous, a masterpiece, outstanding – in its entirety! (Pardon the superlatives).

पिया तोसे नैना लागे रे

पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे
नैना लागे रे
पिया तोसे नैना लागे रे

ओ … जग ने उतारे .. ओ ~
धरती पे तारे
कर मन मेरा मुरझाये हाय
हो ओ तुम बिन आली
हो ओ कैसे दीवाली
मिलने को जिया अकलाये ए
हाँ सजन पायल पुकारे
झनक झन झन
झनक झन झन
पिया तोसे
पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे
नैना लागे रे
पिया तोसे नैना लागे रे

भोर की बेला सुहानी
नदिया के तीरे
भर के गागर जिस घडी मैं
चलूँ धीरे धीरे आ!

उम् म
भोर की बेला सुहानी
नदिया के तीरे
भर के गागर जिस घडी मैं
चलूँ धीरे-धीरे
तुझ पे नजर तब जाये
हाय रे हाय
हो जाने क्यों
बज उठे कंगना
छनक छन छन
छनक छन छन
पिया तोसे
पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे
नैना लागे रे
पिया तोसे नैना लागे रे

हा आ आ आ आ

पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे

ह ओ ओ…

आ आ आ

ओ ओ ओ ओ
आयी होली आयी
ओ ओ ओ ओ
सत रंग लायी
बिन तेरे होली भी न भायी
हो
हो भर पिचकारी
आ आ आ
सखियों ने मारी
भीगी मोरी सारी
हाय हाय
तन बदन मोरा काँपे
थर थर
धिनक धिन धिन
धिनक धिन धिन
पिया तोसे
पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे
नैना लागे रे
पिया तोसे नैना लागे रे

रात को जब चाँद चमके
जल उठे तन मेरा
मैं कहूँ मत करो चंदा
इस गली का फेरा
ह ओ ओ…
आ आ आ
ऊम्म ऊँ ऊँ
रात को जब चाँद चमके
जल उठे तन मेरा
मैं कहूँ मत करो चंदा
इस गली का फेरा
ऊम्म ऊँ ऊँ
आना मोरा सैयां जब आये
चमकना उस रात को जब
मिलेंगे तन मन
मिलेंगे तन मन
पिया तोसे नैना लागे रे
नैना लागे रे
पिया
ओ हो पिया
ओ पिया
आ हा पिया
हो पिया तोसे नैना लागे रे
जाने क्या हो अब आगे रे
नैना लागे रे
पिया तोसे नैना लागे रे

Without breaking the mood of Waheeda’s exquisite dancing, but now switching to her change in mood perhaps due to her change in relationship with Dev Anand the Guide in the film, there’s a different expression the lady wears in this dance sequence. The lyrics are replete with admonishment, hurt, and pain. The semi-classical composition once again demonstrates Sachin da’s prowess, as it does of Shailendra’s skill that transforms his quill into one that is no longer romancing, but is piercing. Lata’s inflections depict these complaints to the hilt… in keeping with the dancers facial expressions that are amazingly in sync with her nimble footwork. Another gem from Guide.

मोसे छल
किये जाये
हाय रे हाय हाय
देखो सैयां बेईमान
सैयां बेईमान
मोसे छल
मोसे छल
मोसे छल
किये जाये
हाय रे हाय हाय
देखो हाँ सैयां बेईमान

समझा के मैं तो हारी
धमकाया … देनी गारी
नी नी रे रे ग ग म म प प ध रे सा सा सा (sargam may be a bit off) 🙂
समझा के मैं तो हारी
हां धमकाया … देनी गारी
और करुं भी तो क्या
देखो ना जियरा
हां जियरा
तड़पाये जियरा
तड़पाये मोहे
हाय हाय
देखो सैयां बेईमान
मोसे छल
मोसे छल
मोसे छल
किये जाये
हाय रे हाय हाय
देखो सैयां बेईमान

मन का है बैरी काला
दिल जिसे दे डाला
नी नी रे रे ग ग म म प प ध रे सा सा सा
मन का है बैरी काला
हां दिल जिसे दे डाला
प्रीत मोरी पल पल रोये
तड़पाये हां तड़पाये
तरसाये,तड़पाये,
तरसाये मोहे
हाय हाय
देखो सैयां बेईमान
मोसे छल
हां हां
मोसे छल
किये जाये
हाय रे हाय हाय
देखो सैयां बेईमान
देखो सैयां बेईमान
देखो सैयां बेईमान
मोसे छल
किये जाये
देखो सैयां बेईमान
हां बेईमान
हां बेईमान

Wow, so what do we have next? A romantic duet that has won the hearts of millions and is perhaps the song for life for many Indian couples since the mid 1960s! In the film, what a fabulous screen pair – Waheeda Rehman and Dev Anand – at their finest. The song echoes across the Sahyadris… and then up in the northern regions with tall trees kissing the skies… while these youthful hearts steal intimate moments in the refreshing woods and amidst groves filled with fluttering flowers. 🙂 Yet again, the composer excels, the songwriter expresses the cavalier attitude of the hero – the protagonist, while Kishore Kumar and Lata Mangeshkar complete this ballad with their zesty voices to match the stance of the actors who seem to throw caution to wind! 🙂 Enjoy the song… sing with them, or simply watch…

गाता रहे… ए … मेरा दिल

तू ही मेरी … इ … मंज़िल

गाता रहे मेरा दिल
तू ही मेरी मंज़िल
हाय …
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन

गाता रहे मेरा दिल
तू ही मेरी मंज़िल
हाय …
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन

गाता रहे मेरा दिल

प्यार करने वाले
अरे प्यार ही करेंगे
जलने वाले चाहें
जल जल मरेंगे

प्यार करने वाले
अरे प्यार ही करेंगे
जलने वाले चाहें
जल जल मरेंगे

मिलके जो धड़के हैं दो दिल
हरदम ये कहेंगे
कहीं बीते ना
हो कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन

गाता रहे मेरा दिल
तू ही मेरी मंज़िल

ओ मेरे हमराही
मेरी बाँह थामे चलना
बदले दुनिया सारी
तुम ना बदलना

ओ मेरे हमराही
मेरी बाँह थामे चलना
बदले दुनिया सारी
तुम ना बदलना

प्यार हमें भी सिखला देगा
ग़र्दिश में संभलना
कहीं बीते ना
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन

गाता रहे मेरा दिल
तू ही मेरी मंज़िल

दूरियाँ अब कैसी
अरे शाम जा रही है
हमको ढलते ढलते
समझा रही है

दूरियाँ अब कैसी
अरे शाम जा रही है
हमको ढलते ढलते
समझा रही है

आती जाती सांस जाने
कब से गा रही है
कहीं बीते ना
हो कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन

गाता रहे मेरा दिल
तू ही मेरी मंज़िल
हाय …
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन
कहीं बीते ना ये रातें
कहीं बीते ना ये दिन
गाता रहे मेरा दिल

Advertisements

One thought on “Guide (1965)

Leave a Reply

Fill in your details below or click an icon to log in:

WordPress.com Logo

You are commenting using your WordPress.com account. Log Out / Change )

Twitter picture

You are commenting using your Twitter account. Log Out / Change )

Facebook photo

You are commenting using your Facebook account. Log Out / Change )

Google+ photo

You are commenting using your Google+ account. Log Out / Change )

Connecting to %s